श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-087 October 30, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-087 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ सतासीवाँ अध्याय बालक विनायक द्वारा शतमाहिषा नामक राक्षसी और कमठासुर का वध, इस आख्यान के श्रवण और श्रावण का माहात्म्य व्योमासुर का वध अथः सप्ताशीतितमोऽध्यायः कमठासुरवध ब्रह्माजी बोले — व्योमासुर की बहन उसकी मृत्यु के दुःखद समाचार से अत्यन्त दुखी हो गयी। वह अमावस्या के दिन सायंकाल के समय उत्पन्न… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-086 October 29, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-086 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ छियासीवाँ अध्याय गौतम आदि महर्षियों द्वारा पार्वतीपुत्र का भूमि-उपवेशन नामक संस्कार सम्पन्न किया जाना, बालक के वध की इच्छा से व्योमासुर का वहाँ आना, बालक द्वारा व्योमासुर का वध अथः षडशीतितमोऽध्यायः भूम्युपवेशवर्णनं ब्रह्माजी बोले — तदनन्तर गौरी ने उन महर्षि मरीचि की गोद से पुत्र को उठा लिया और उन्हें… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-085 October 29, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-085 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ पचासीवाँ अध्याय महर्षि मरीचि का पार्वतीपुत्र का दर्शन करने के लिये आना, मरीचि द्वारा देवी पार्वती से विनायक के परब्रह्मस्वरूपका प्रतिपादन, बालक की रक्षा के लिये महर्षि का गणेशकवच बतलाना, गणेशकवच का माहात्म्य तथा उसकी उपदेश-परम्परा अथः पञ्चाशीतितमोऽध्याययः गणेशकवचं ब्रह्माजी बोले — विनायक के पाँचवें मास के आरम्भ होनेपर मुनियों… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-084 October 28, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-084 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ चौरासीवाँ अध्याय बालक हेरम्ब की बाल लीलाद्वारा क्षेम, कुशल, क्रूर तथा बालासुर आदि दैत्यों के वध का आख्यान अथः चतुरशीतितमोऽध्यायः बालासुरवध ब्रह्माजी बोले — बालक हेरम्ब के दूसरे मास में सायंकाल के समय पार्वती ने उसे उबटन आदि लगाकर पालने में रखा और वे अत्यन्त प्रसन्नतापूर्वक गीत गाने लगीं। उसी… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-083 October 28, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-083 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ तिरासीवाँ अध्याय पार्वती को पुत्र की प्राप्ति होने पर हिमवान् का शिशु के दर्शन के लिये आना और उसे अनेक प्रकार से आभूषणों से अलंकृतकर उसका ‘हेरम्ब’ यह नाम रखना, फिर हिमालय का प्रस्थान, गृध्रासुर द्वारा बालक हेरम्ब का हरणकर आकाश में ले चलना, पार्वती का शोक, बालक हेरम्ब द्वारा… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-082 October 26, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-082 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ बयासीवाँ अध्याय शंकर द्वारा गौरीपुत्र गुणेश की महिमा का कथन, गुणेश का प्रादुर्भाव, गौरीपुत्र का ‘गुणेश’ यह नामकरण, गणेशचतुर्थी तिथि का माहात्म्य, सिन्धुदैत्य को दूतों द्वारा गुणेश के अवतार का वृत्तान्त ज्ञात होना, सिन्धु के दूतों का त्रिसन्ध्याक्षेत्र में जाकर गुप्तरूप से निवास करना और गुणेश के वध के लिये… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-081 October 26, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-081 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ इक्यासीवाँ अध्याय पार्वती का भाद्रमास की चतुर्थी को गुणेश की पार्थिव प्रतिमा बनाकर पूजन करना, भगवान् गणेश का उस पार्थिव प्रतिमा से प्रकट होना अथः एकाशीतितमोऽध्यायः गणेशाविर्भाव ब्रह्माजी बोले — तदनन्तर वे देवी पार्वती प्रसन्न होकर अपने सखीजनों के पास गयीं, और उन्हें उन्होंने सम्पूर्ण वृत्तान्त बतलाया, जिसे सुनकर उन… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-080 October 25, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-080 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ अस्सीवाँ अध्याय पार्वतीजी का लेखनाद्रि पर्वत पर बारह वर्ष तक तपस्या करना, प्रसन्न हुए भगवान् गुणेश का प्रकट होकर दर्शन देना, गौरी का उन्हें पुत्ररूप में प्राप्त करने का वर माँगना और गणेशजी का उन्हें आश्वासन देना, पार्वतीजी द्वारा सिद्धिक्षेत्र में प्रासाद तथा गणेशप्रतिमा की प्रतिष्ठा करना, पुनः त्रिसन्ध्याक्षेत्र में… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-079 October 25, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-079 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ उन्यासीवाँ अध्याय भगवान् शिव का गौरी तथा गणोंसहित त्रिसन्ध्याक्षेत्र में गमन, भगवान् शिव द्वारा गौरी को गणेशजी के माहात्म्य का प्रतिपादन और उन्हें गणेशाराधना का उपदेश, देवी पार्वती का तपस्या करने के लिये लेखनाद्रिपर्वत पर गमन अथः नवसप्ततितमोऽध्यायः गौरीमन्त्रप्रदानं ब्रह्माजी बोले — [ हे व्यासजी !] दैत्यराज सिन्धु के द्वारा… Read More
श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-078 October 24, 2025 | aspundir | Leave a comment श्रीगणेशपुराण-क्रीडाखण्ड-अध्याय-078 ॥ श्रीगणेशाय नमः ॥ अठहत्तरवाँ अध्याय बृहस्पति के कथनानुसार देवताओं का माघमास के कृष्णपक्ष की चतुर्थी तिथि को संकष्ट चतुर्थी व्रत करना तथा स्तुति द्वारा विनायकदेव को प्रसन्न करना, संकष्टहरस्तोत्र की महिमा, प्रसन्न हो विनायकदेव का देवों को वरदान देना और चारों युगों में होने वाले अपने स्वरूप का परिचय देना अथः अष्टसप्ततितमोऽध्यायः सुरर्धिवरप्रदानं… Read More